व्‍हाइट फंगस (White Fungus): कारण, लक्षण, इलाज, बचाव इत्यादि

व्‍हाइट फंगस (White Fungus) एक आम तरह का फंगस है इसका वैज्ञानिक नाम कैंडिडा (Candidal) है। यह आमतौर पर हमारे शरीर में मुंह, गले, त्वचा और योनि में पाया जाता है। सुबह सुबह जब हम उठते हैं तब हमारे मुंह में जो सफेद पदार्थ जमा हुआ होता है वह भी एक प्रकार का फंगस होता है। आमतौर पर इस व्‍हाइट फंगस से हमारे शरीर को किसी भी प्रकार का कोई खतरा नहीं होता है। परंतु जैसे ही किसी व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है व्‍हाइट फंगस उस व्यक्ति के शरीर में बढ़ने लगता है और समस्याएं और लक्षण उत्पन्न करने लगता है जो जानलेवा भी हो सकते हैं।

इसलिए आज इस आर्टिकल में हम पढ़ने जा रहे हैं की व्‍हाइट फंगस क्या है, व्‍हाइट फंगस क्यों होता है, व्‍हाइट फंगस के लक्षण क्या हैं, व्‍हाइट फंगस का इलाज क्या है और व्‍हाइट फंगस का घरेलू इलाज क्या है। इसके साथ साथ हम व्‍हाइट फंगस से जुड़े कुछ अन्य विषयों पर भी चर्चा करेंगे।

Table of Contents

व्‍हाइट फंगस क्या है? – What is white fungus in Hindi?

व्‍हाइट फंगस (White Fungus): कारण, लक्षण, इलाज, बचाव इत्यादि

व्‍हाइट फंगस ब्लैक फंगस से ज्यादा खतरनाक है क्योंकि ब्लैक फंगस मुख्य रूप से हमारे फेफड़े दिमाग और आंखों को प्रभावित करता है जबकि व्‍हाइट फंगस फेफड़ों के साथ-साथ पेट, किडनी, दिमाग और गुप्तांग (योनि और लिंग) को भी प्रभावित कर सकता है।

बिहार में व्‍हाइट फंगस के 4 मामले अभी (23 May 2021) तक सामने आए हैं।

आमतौर पर यह नाक और मुंह के रास्ते हमारे शरीर में प्रवेश करता है। व्‍हाइट फंगस होने का मुख्य कारण इम्यूनिटी का कम होना माना गया है।

विशेष:- हालांकि ब्लैक और वाइड फंगस हमारे सामने हैं परंतु आपको घबराना नहीं है आपको ब्लैक और व्‍हाइट फंगस से बचने की बजाय कोविड-19 से बचने पर ध्यान देना चाहिए क्योंकि अगर हमें कोविड-19 नहीं होगा तो इन दोनों में से कोई भी बीमारी नहीं होगी।

इसलिए हमें कोविड-19 से बचने पर ध्यान देना चाहिए और कोविड-19 से जुड़े नियमों का पालन करना चाहिए। जैसे

  • बार-बार हाथों को साफ करना
  • सैनिटाइजर का इस्तेमाल करना
  • मास्क का इस्तेमाल करना
  • सामाजिक दूरी बनाए रखना
  • वैक्सीन लगवाना

और उसके बाद अपनी इम्यूनिटी को बढ़ाना।

कोविड-19 वाले सभी मरीजों को वाइट या ब्लैक फंगस नहीं होता है। कोविड-19 वाले मरीजों में से सिर्फ 0.2%  लोगों को ही वाइट या ब्लैक फंगस होता है।

व्‍हाइट फंगस के लक्षण – White fungus symptoms in Hindi

व्‍हाइट फंगस के लक्षण इस बात पर निर्भर करते हैं कि फंगस ने आपके शरीर के किस हिस्से को प्रभावित किया है अगर व्‍हाइट फंगस मरीज के फेफड़ों को प्रभावित करता है तो उसे निम्नलिखित लक्षण महसूस हो सकते हैं। जैसे

  • खांसी होना।
  • बुखार आना।
  • छाती में दर्द होना।
  • सांस लेने में परेशानी होना आदि।

अगर व्‍हाइट फंगस का इन्फेक्शन आपके मुंह, जुबान और गले को प्रभावित करता है तो

  • इससे मुंह में सफेद कलर के चत्ते-चत्ते से हो जाते हैं।
  • इसके अलावा व्यक्ति को ऐसा लग सकता है कि किसी ने मुंह में रुई रख दी हो।
  • मुंह और जुबान की स्वाद लेने की क्षमता भी कम हो जाती है।
  • व्यक्ति को खाना निगलने में परेशानी होने लगती है।
  • मरीज के पूरे मुंह में सूजन भी आ सकती है।

धीरे-धीरे यह व्‍हाइट फंगस मुंह से होता हुआ हमारे फेफड़ों में जा सकता है और खाने की नली को भी प्रभावित कर सकता है और हमारे रक्त में भी जा सकता है।

और अगर यह हमारे रक्त में फैल जाता है तो यह व्‍हाइट फंगस रक्त से जोड़ों में जा सकता है जिसके कारण व्यक्ति को (जोड़ों का दर्द) जॉइंट पेन भी हो सकता है।

और यह फंगस मरीज के नर्वस सिस्टम या नसों को प्रभावित को प्रभावित कर सकता है नर्वस सिस्टम को प्रभावित करने पर निम्नलिखित लक्षण हो सकते हैं।

  • बहुत तेज सिर दर्द होना।
  • दौरे पड़ना।
  • सोचने की क्षमता पर प्रभाव पड़ना आदि।

यह भी पढ़ें:- बवासीर (Piles): लक्षण, इलाज, कारण इत्यादि

व्‍हाइट फंगस की जांच और टेस्ट – White fungus Test and Diagnosis in Hindi

अगर यह फंगस मुंह गले जीव और फेफड़ों को प्रभावित करता है तो मुंह में से एक छड़ी के माध्यम से लार का सैंपल लिया जाता है और माइक्रोस्कोप से उसकी जांच की जाती है।

अगर व्‍हाइट फंगस ने खाने की नली को प्रभावित किया होता है तब एंडोस्कोपी द्वारा खाने की नली की जांच की जाती है और उसका सैंपल लिया जाता है जिसकी जांच माइक्रोस्कोप द्वारा की जाती है।

अगर व्‍हाइट फंगस में योनि या लिंग को प्रभावित किया होता है तो प्रभावित हिस्से से सैंपल लिया जाता है और उसकी जांच की जाती है।

अगर किसी व्यक्ति को फंगस फेफड़ों में होता है और जब उस व्यक्ति का सिटी स्कैन कराया जाता है तो जो पिक्चर आती है वह बिल्कुल वैसी आती है जो किसी कोविड-19 व्यक्ति के फेफड़ों का सिटी स्कैन कराने पर आती है। और इस सिटी स्कैन से यह पता लगाना काफी मुश्किल हो जाता है कि मरीज को कोविड-19 इंफेक्शन है या व्‍हाइट फंगस।

व्‍हाइट फंगस को कंफर्म करने के लिए मरीज का RT-PCR टेस्ट कराया जाता है और लार की जांच के नतीजों के साथ मिलाकर देखा जाता है।

(HRCT SCAN) एचआरसीटी जांच कराने पर भी इसके लक्षण दिखाई देते हैं। और बलगम के कल्चर की जांच से इन्फेक्शन के बारे में जानकारी मिलती है।

व्‍हाइट फंगस का इलाज – White fungus treatment in Hindi

व्‍हाइट फंगस के इलाज के लिए काफी सारी एंटीफंगल दवाइयों का उपयोग किया जाता है जैसे

  • Amphotericin B 
  • Micafungin 
  • Caspofungin 
  • Fluconazole 
  • Voriconazole 
  • Clotrimazole

कौन सी दवाई कैसे लेनी है, कब लेनी है, कितनी मात्रा में लेनी है यह बात इस बात पर निर्भर करती है कि व्‍हाइट फंगस ने शरीर के किस हिस्से को प्रभावित किया है और संक्रमण के लक्षण हल्के हैं या गंभीर।

सावधानी:-  डॉक्टर की सलाह के बिना किसी भी दवाई का प्रयोग ना करें अगर आपको किसी भी प्रकार का इन्फेक्शन या लक्षण हो रहे हैं तो डॉक्टर से सलाह लें।

व्‍हाइट फंगस से बचाव – How to prevent White fungus infection in Hindi

व्‍हाइट फंगस से बचाव के लिए हमें कुछ बातों का विशेष ध्यान रखना होगा जो निम्नलिखित हैं।

मुंह की साफ सफाई

व्‍हाइट फंगस और ब्लैक फंगस दोनों ही हमारे मुंह को प्रभावित कर सकते हैं इसलिए हमें अपने मुंह की साफ सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। प्रतिदिन कम से कम दो बार ब्रश करें। आप चाहे तो माउथवॉश का प्रयोग भी कर सकते हैं।

स्टेरॉइड्स का कम इस्तेमाल

अगर आप स्टेरॉइड वाली दवाइयों मुंह माध्यम से कर रहे हैं तो आप दवाइयों को लेने के बाद मुंह को अच्छी तरीके से साफ करें दांतो को साफ करें और कुल्ला करें।

साफ सफाई का ध्यान रखना

मरीजों की साफ सफाई का विशेष ध्यान रखें और मरीजों के इस्तेमाल में ली जाने वाली सभी चीजों की साफ सफाई का ध्यान रखें।

ऑक्सीजन मीटर (फ्लो मीटर)

ऑक्सीजन मीटर (फ्लो मीटर) का इस्तेमाल करते समय साफ सफाई का ध्यान रखें। ऑक्सीजन मीटर के लिए साफ और स्वच्छ पानी का इस्तेमाल करें टंकी के पानी का इस्तेमाल ना करें।

व्‍हाइट फंगस का घरेलू इलाज – White fungus Home remedies in Hindi

व्‍हाइट फंगस का अभी तक कोई भी घरेलू इलाज नहीं है और डॉक्टरों की माने तो व्‍हाइट फंगस बीमारी में घरेलू इलाज करना बिल्कुल उचित नहीं है।

इसलिए अगर किसी व्यक्ति को भी ऊपर दिए गए लक्षण महसूस हो रहे हैं तो उसे तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए ना कि घरेलू इलाज करना चाहिए।

लेकिन अगर आप स्वस्थ हैं और आपको किसी प्रकार की कोई समस्या नहीं हो रही है तब आप इससे बचने के लिए अपनी इम्यूनिटी बढ़ाने के बारे में सोच सकते हैं। अपनी इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए कार्य कर सकते हैं इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए आप निम्नलिखित चीजें कर सकते हैं।

अच्छी नींद लें 

अच्छी और संपूर्ण नींद लेने से हमारा शरीर स्वस्थ रहता है और हमारा दिमाग भी तंदुरुस्त रहता है।

अच्छा खाना खाए 

अच्छा और पौष्टिक भोजन खाने से हमारा शरीर और दिमाग दोनों स्वस्थ रहते हैं और हम आसानी से बीमार नहीं पड़ते।

तनाव कम करें 

तनाव बढ़ने से हमारे दिमाग पर काफी गहरा प्रभाव पड़ सकता है इसलिए तनाव को कम करें इसके लिए आप योगा एक्सरसाइज मेडिटेशन आदि जैसी चीजें अपना सकते हैं।

एक्सरसाइज करना 

नियमित रूप से एक्सरसाइज करने से हमारी इम्यूनिटी बढ़ती है और हमें आसानी से किसी भी प्रकार की कोई समस्या नहीं होती है।

योगा और मेडिटेशन

योग और मेडिटेशन दो ऐसी चीजें हैं जिन्हें हमें नियमित रूप से करना चाहिए इन दोनों को अपने जीवन में अपना कर आप अपने जीवन को काफी हद तक सुगम बना सकते हैं।

वजन बढ़ने ना दे

अगर आपका वजन ज्यादा है तो अपने वजन को कम करें और अपना वजन बढ़ने ना दें क्योंकि मोटापा बहुत सारी बीमारियों की जड़ है और अगर आपको एक बार मोटापा हो जाएगा तो आपको कई सारी बीमारियां घेर लेंगी।

व्‍हाइट फंगस के कारण – White fungus Causes in Hindi

व्‍हाइट फंगस हमारे फेफड़ों, आंत, आमाशय, किडनी, मुंह, त्वचा और गुप्तांगो को संक्रमित कर सकता है और यह आमतौर पर नाक और मुंह के रास्ते शरीर में प्रवेश करता है।

अभी सभी तथ्यों के आधार पर सिर्फ हम यह कह सकते हैं की इम्युनिटी का कम होना ही व्‍हाइट फंगस होने की जड़ है अगर किसी व्यक्ति की इम्युनिटी हद से ज्यादा कमजोर हो जाती है तो उसे व्‍हाइट फंगस गंभीर रूप से प्रभावित करता है।

जैसे ही किसी व्यक्ति की इम्युनिटी कम होती है यह फंगस उस पर हावी हो जाता है और उसे संक्रमित करने लगता है।

कॉविड के गंभीर इन्फेक्शन में मरीजों की रोग प्रतिरोधक क्षमता काफी हद तक कम हो जाती है जिसकी वजह से यह फंगस होने का खतरा बढ़ जाता है।

कोविड-19 के इलाज में इस्तेमाल किए जाने वाले स्टेरॉइड और एंटीबायोटिक दवाइयों की वजह से भी मरीज की रोग प्रतिरोधक क्षमता काफी हद तक कमजोर हो जाती है और जिसकी वजह से व्‍हाइट फंगस होने का खतरा बढ़ जाता है।

कोविड-19 संक्रमित लोग जो ऑक्सीजन स्पोर्ट पर होते हैं उनमें भी व्‍हाइट फंगस होने की संभावना बहुत ज्यादा बढ़ जाती है।

ऑक्सीजन मीटर में टंकी का पानी इस्तेमाल करने के कारण भी व्‍हाइट फंगस हो सकता है।

जिन मरीजों को डायबिटीज एचआईवी एड्स कैंसर आदि है और जो लोग कैंसर के इलाज के लिए किमोथेरपी ले रहे हैैं उन्हें व्‍हाइट फंगस होने का खतरा काफी हद तक होता है।

जो लोग अस्थमा के लिए स्टेरॉइड्स ले रहे हैं ऐसे लोगों में भी व्‍हाइट फंगस होने की संभावना काफी हद तक बढ़ जाती है।

व्‍हाइट फंगस और ब्लैक फंगस में अंतर क्या है – Black fungus and White fungus difference in Hindi

व्‍हाइट फंगस ब्लैक फंगस से ज्यादा खतरनाक होता है मुख्य रूप से ब्लैक फंगस हमारे दिमाग और आंखों पर असर करता है जबकि व्‍हाइट फंगस फेफड़ों के साथ-साथ पेट, किडनी, दिमाग और गुप्तांग (योनि और लिंग) को भी प्रभावित कर सकता है। व्‍हाइट फंगस में शरीर पर सफेद रंग की फंगस एकत्रित हो जाता है जबकि ब्लैक फंगस में काले रंग की फंगस एकत्रित हो जाता है ब्लैक फंगस शरीर के जिस अंग में होता है वहां की त्वचा का कलर काले रंग का हो जाता है और व्‍हाइट फंगस शरीर के जिस अंग में होता है वहां पर सफेद कलर के चक्कते-चक्कते से पड़ जाते हैं।

इसके अलावा ब्लैक फंगस शरीर के जिस हिस्से में होता है वहां का क्षतिग्रस्त अंग निकालना पड़ता है। मुख्य रूप से व्‍हाइट फंगस और ब्लैक फंगस दोनों ही एक ही प्रकार के फंगस होते हैं और यह दोनों ही आमतौर पर हमारी जीवन शैली का हिस्सा होते हैं परंतु हमें इनसे किसी प्रकार का कोई खतरा नहीं होता है परंतु जैसे ही किसी व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है ये फंगस उस व्यक्ति को प्रभावित करने लगते हैं।

निष्कर्ष (Conclusion)

मैं आशा करता हूं कि आपको हमारा यह आर्टिकल पसंद आया होगा इस आर्टिकल में हमने बताया है कि व्‍हाइट फंगस क्या है व्‍हाइट फंगस क्यों होता है व्‍हाइट फंगस का इलाज क्या है व्‍हाइट फंगस के लक्षण क्या है और व्‍हाइट फंगस से बचाव के उपाय।

अगर आपको हमारा यह आर्टिकल पसंद आया हो या आपके कोई सवाल या जवाब हो तो आप हमें कमेंट बॉक्स में कमेंट करके बता सकते हैं हम आपके सवालों का जवाब देने का प्रयास अवश्य करेंगे।

प्रश्न और उत्तर (Related Faq)

जिन्हें पहले से फंगस होता है उन्हें ब्लैक या व्‍हाइट फंगस हो सकता है?

जिन्हें पहले फंगस होता है उन्हें ब्लैक फंगस या व्‍हाइट फंगस होने की संभावना रहती है व्हाइट फंगस या ब्लैक फंगस दोनों व्यक्ति की इम्युनिटी पर निर्भर करते हैं अगर इम्युनिटी कम होगी तो इन दोनों प्रकार के फंगस होने का खतरा रहता है।

कोरोना से ज्यादा खतरनाक व्‍हाइट फंगस है या नहीं?

नहीं, व्‍हाइट फंगस कोविड-19 से ज्यादा खतरनाक नहीं है क्योंकि कोविड-19 की वजह से हमारे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है जिसकी वजह से हमें व्‍हाइट फंगस या ब्लैक फंगस हो सकता है परंतु ऐसा नहीं है की व्‍हाइट फंगस या ब्लैक फंगस की वजह से हमें कोविड-19 हो जाए। अगर हमारा शरीर स्वस्थ है तो हमें ब्लैक फंगस या व्‍हाइट फंगस से किसी प्रकार का कोई खतरा नहीं है परंतु स्वस्थ शरीर को भी कोरोना होने का खतरा रहता है।

ब्लैक और व्‍हाइट फंगस को कैसे खत्म करें?

ब्लैक और व्‍हाइट फंगस को खत्म करने के लिए इसका इलाज कराना पड़ेगा और इलाज आप डॉक्टर की सलाह से ही कराएं अन्यथा अगर आप घरेलू उपचार करेंगे तो यह समस्या घटने की वजह बढ़ भी सकती है। कुछ एंटीफंगल दवाइयों का प्रयोग करके वाइट और ब्लैक फंगस दोनों से बचा जा सकता है।

कैसे पता करें कि व्‍हाइट फंगस से संक्रमित हैं?

हम सिर्फ लक्षणों के आधार पर नहीं बता सकते हैं कि व्‍हाइट फंगस है या नहीं क्योंकि इसके लक्षण कोरोना में होने वाले लक्षणों से मिलते जुलते हैं। इसके लिए इसकी पूरी जांच होनी चाहिए तभी हम व्‍हाइट फंगस के बारे में पता लगा सकते हैं।

कौन सा अधिक खतरनाक है व्‍हाइट फंगस और ब्लैक फंगस?

व्‍हाइट फंगस और ब्लैक फंगस में से व्‍हाइट फंगस अधिक खतरनाक है क्योंकि ब्लैक फंगस सिर्फ हमारे आंखों और दिमाग पर असर करता है जबकि व्‍हाइट फंगस हमारे मुंह, जीभ, आंत, अमाशय, किडनी, जोड़ो और फेफड़ों आदि को प्रभावित कर सकता है।

किसको ज्यादा खतरा है व्‍हाइट फंगस का?

व्‍हाइट फंगस का खतरा उन लोगों को ज्यादा है जो अभी-अभी कोरोना से ठीक हुए हैं क्योंकि उन लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होती है इसके अलावा व्‍हाइट फंगस का खतरा उन लोगों को भी है जिन्हें कैंसर, डायबिटीज, एचआईवी और एड्स जैसी बीमारियां हैं और इसका खतरा उन लोगों को भी है जो स्टेरॉयड वाली दवाइयों का उपयोग करते हैं। जैसे अस्थमा के मरीज।

क्या कोविड-19 होने के बाद व्‍हाइट फंगस होगा?

जरूरी नहीं है कि हर व्यक्ति जो कोविड-19 से ठीक हो गया है को व्‍हाइट फंगस हो। कोविड से ठीक होने वाले मरीजों की कुल संख्या में से सिर्फ 0.2 प्रतिशत लोगों को ही वाइट या ब्लैक फंगस होने का खतरा है इसलिए घबराने की कोई जरूरत नहीं है।

क्या व्‍हाइट फंगस सीरियस इंफेक्शन है?

हां, व्‍हाइट फंगस काफी सीरियस इंफेक्शन है अगर किसी व्यक्ति को यह हो जाता है तो उसे काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है यह मुख्यतः मुंह, आंत, किडनी, फेफड़ों आदि को प्रभावित करता है।

व्‍हाइट फंगस से बचने के लिए हमें क्या-क्या करना चाहिए?

वाइट और ब्लैक फंगस से बचने के लिए हमें सबसे पहले कोरोना से बचना चाहिए इसलिए हमें उन सभी नियमों का पालन करना चाहिए जो कोरोना से बचने के लिए हैं। अगर हम कोरोना से बचे रहेंगे तो हम ब्लैक और व्‍हाइट फंगस से भी बचे रहेंगे। क्योंकि आमतौर पर फंगस हमारे शरीर में ही होता है परंतु जब तक हमारे शरीर की इम्यूनिटी स्ट्रांग रहती है तब तक यह फंगस हमारा कुछ भी नहीं बिगाड़ सकता परंतु जैसे ही हमारे शरीर की इम्युनिटी कमजोर हो जाती है यह हमारे शरीर पर हावी हो जाता है और हमें बीमार कर देता है।

संदर्भ (Reference)

After Black fungus, reports of white fungus infections surface. What we know so far. (2021, May 20). Hindustan Times. https://www.hindustantimes.com/india-news/after-black-fungus-reports-of-white-fungus-infections-surface-what-we-know-so-far-101621515569667.html

After Black fungus, reports of white fungus infections surface. What we know so far. (2021, May 20). Hindustan Times. https://www.hindustantimes.com/india-news/after-black-fungus-reports-of-white-fungus-infections-surface-what-we-know-so-far-101621515569667.html

White fungus’ just a normal fungal infection, Black fungus more dangerous: Doctors. (2021, May 22). India Today. https://www.indiatoday.in/coronavirus-outbreak/story/white-fungus-infection-covid-19-patients-black-fungus-candidiasis-1805412-2021-05-21

Admin. (2021, May 24). White fungus disease infection symptoms, causes, treatment – Covid. MPNRC: Latest News, Recruitment, Admit card, Counselling, Result. https://www.mpnrc.org/white-fungus-disease-infection-symptoms-causes-treatment-covid-news/

Leave a Comment