आँखों की रोशनी बढ़ाने और चश्मा छुड़ाने का उपाय

आँखों की रोशनी बढ़ाने और चश्मा छुड़ाने का उपाय

हमारे शरीर के सभी अंग बहुत महत्वपूर्ण होते हैं और विशेष रूप से हमारी आंखें क्योंकि अगर हमारी आंखें खराब हो जाऐ तो हम इस सुंदर संसार को नहीं देख पाएंगे और रोजमर्रा के छोटे-मोटे काम करने में भी हमें दिक्कत आएगी आमतौर पर जैसे-जैसे व्यक्ति की उम्र बढ़ती जाती है वैसे-वैसे व्यक्ति की आंखें कमजोर होती जाती हैं और बुढ़ापे में मोतियाबिंद जैसी बीमारियां होना बहुत ही आम बात है।

लेकिन आजकल की अस्वस्थ जीवन शैली के कारण कम उम्र में ही बच्चों की आंखें कमजोर हो जाती हैं और छोटे-छोटे बच्चों तक को भी चश्मा लगाना पड़ता है। अगर व्यक्ति अपने स्वास्थ्य पर ध्यान दें और नियमित रूप से अपनी आंखों की देखभाल करें तो व्यक्ति को इन सभी समस्याओं का सामना नहीं करना पड़ेगा। 

इसीलिए आज इस आर्टिकल में हम बात करेंगे कि आंखें कमजोर क्यों होती हैं, आंखें कमजोर होने के कारण क्या है, आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए एक्सरसाइज और योगा, चश्मा कैसे हटाए, चश्मा क्यों लगता है और चश्मे के प्रकार आदि। 

Table of contents


चश्मा कैसे हटाए - How to remove specs in Hindi

चश्मा कैसे हटाए यह सवाल हर उस व्यक्ति के मन में आता है जो चश्मा पहन पहन कर परेशान हो गया है क्योंकि चश्मे को संभालना आसान बात नहीं होती कई बार चश्मे टूट भी जाते हैं। 

परंतु मुख्य सवाल तो यह है कि क्या चश्मे को हटाया जा सकता है इसका जवाब है कि यदि आपकी आंखों का नंबर बढ़ना या घटना अभी शुरू हुआ है या आपका नंबर 0.5 या 0.25 के आसपास है तो नियमित एक्सरसाइज, योगा और अन्य क्या कल आपने को करने से चश्मा हटाया जा सकता है परंतु अगर आपकी आंखों का नंबर 1 या 1.5 है तो चश्मा हटाने में काफी समस्या आ सकती है और शायद चश्मा ना हटे। 

चश्मा क्यों लगता है - Why we use specs in Hindi

चश्मे का प्रयोग विभिन्न कारणों से किया जाता है परंतु चश्मा लगना अर्थात जब व्यक्ति की आंखें कमजोर हो जाती हैं जिसके कई कारण होता है जैसे शरीर में पानी की कमी शरीर में पोषक तत्वों की कमी ज्यादा टीवी देखना है या ज्यादा फोन चलाना आदि।

इन सभी कारणों से व्यक्ति की आंखें कमजोर हो सकते हैं और कमजोर आंखे होने पर व्यक्ति को सही से दिखाई नहीं देता है यहां तक कि व्यक्ति दूर कीजिए और पास की चीज है भी नहीं देख पाता है इस समस्या को दूर करने के लिए चश्मे का उपयोग किया जाता है क्योंकि चश्मे में लेंस लगा होता है जिससे हमें देखने में मदद मिलती है। 

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चश्मा हटाने के लिए कुछ टिप्स - Tips to remove specs in Hindi

आंखों की रोशनी बढ़ाने के उपाय


- आंखों की अच्छी देखभाल

अगर आप अच्छी और स्वस्थ आंखें चाहते हैं तो आपको आंखों की अच्छी देखभाल करनी चाहिए जैसे

  • नियमित रूप से आंखों को धोना
  • नियमित रूप से आंखों की सफाई करना
  • नियमित रूप से आंखों की एक्सरसाइज करना
  • नियमित रूप से योगा करना आदि। 
  • धूप से बचने वाले चश्मे का प्रयोग करना
  • वाहन चलाते समय हेलमेट के शीशे का उपयोग करना अगर हेलमेट में शीशा ना हो तो चश्मे का उपयोग करना। 

- अच्छा खान पान

पोषक तत्वों से भरपूर आहार का सेवन करना शरीर में विटामिन ए की कमी होने से भी आंखें कमजोर हो जाती हैं इसलिए हमें ऐसा भोजन करना चाहिए जिसमें विटामिन ए भरपूर मात्रा में हो जैसे आंवला और खट्टे फल आदि साथ ही हमें ऐसा भोजन करना चाहिए जिसमें, प्रोटीन विटामिन आयरन मैग्नीशियम जैसे जरूरी पोषक तत्व भरपूर मात्रा में हों। 

- आंखों पर केमिकल का प्रयोग ना करना

आजकल बाजार में नए-नए प्रकार के उपकरण आ गए हैं अथवा नई नई cream और केमिकल वाली काजल और मेकअप के सामान आ गए हैं जिनका आंखों पर प्रयोग करना हानिकारक हो सकता है हमें ऐसे मेकअप से बचना चाहिए जो हमारी आंखों के लिए नुकसानदेह हो। 

- नियमित रूप से आंखों के लिए योगा करना

नियमित रूप से आंखों का योगा करने से आंखों की रोशनी बढ़ती है और जिन लोगों को चश्मा लगा हुआ होता है उनका चश्मा भी हट सकता है योगा करने के कई अन्य लाभ भी हैं आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए शीर्षासन, गोमुखासन भुजंगासन, पद्मासन और अनुलोम विलोम बहुत लाभदाई हैं। 

- नियमित रूप से आंखों की एक्सरसाइज करना

नियमित रूप से आपको कि एक्सरसाइज करना स्वस्थ आंखों के लिए बहुत आवश्यक है नियमित रूप से सेक्स करने से हमारी आंखें सुंदर और स्वस्थ बनती हैं साथ ही आंखों से जुड़ी बीमारियां होने का खतरा भी कम हो जाता है। 

चश्मे के प्रकार - Type of specs in Hindi

चश्मे का मुख्य रूप से व्यक्ति को देखने में मदद करने के लिए होता है। 
चश्मे मुख्य रूप से न लिखित प्रकार के होते हैं

सुरक्षा प्रदान करने वाले चश्मा safety

ऐसे चश्मे का प्रयोग किसी कार्य को करते समय किया जाता है ताकि धूल मिट्टी के कारण यह अन्य चीज के कारण हमारी आंखों को क्षतिग्रस्त ना कर पाए।  

चीजों को बड़ा दिखाने वाले चश्मे magnification

इस प्रकार के चश्मे छोटी चीजों को बड़ा करके दिखाने के लिए उपयोग में लाए जाते हैं इनसे समूह का मुख्य रूप से प्रयोग वेद शालाओं और लैबोरेट्रीज में होता है। 

देखने में मदद करने वाले चश्मे 

इसे चश्मा का प्रयोग किया जाता है जब व्यक्ति की आंखें कमजोर हो जाती हैं जिसके कारण व्यक्ति को दूर का य पास का देखने में समस्या होती है तब इन प्रकार के चश्मों का प्रयोग किया जाता है। 

3D चश्मा

3D चश्मा का प्रयोग पिक्चर आदि को देखने के लिए किया जाता है 3D सुषमा का प्रयोग करने से चीज है बिल्कुल वास्तविक प्रतीत होती हैं। 

सनग्लासेस

धूप से बचने के लिए भी चश्मे का प्रयोग किया जाता है जिन्हें सनग्लासेस कहा जाता है इनका ज्यादातर प्रयोग ऐसी जगह पर किया जाता है जहां पर कड़क धूप पढ़ती है और तेज धूप पड़ने के कारण आंखों में जलन भी हो सकती है। 


आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए आहार - Food to increase eyesight in Hindi


आंखों की रोशनी के लिए अच्छा खाना और स्वस्थ खाना बहुत आवश्यक है खाना हमारे शरीर की मूलभूत आवश्यकता है इसलिए हमें पोषक तत्वों से भरपूर भोजन खाना चाहिए जिसमें उचित मात्रा में सभी पोषक तत्व उपलब्ध हो विशेष रुप से विटामिन ए क्योंकि मुख्य रूप से विटामिन ए की कमी से आंखों की रोशनी कम होती है। 

पालक

पालक में भरपूर मात्रा में पोषक तत्व होते हैं जो अच्छी और स्वस्थ आंखों के लिए बहुत आवश्यक होते हैं इसलिए जिन लोगों की आंखें कमजोर है उन्हें नियमित रूप से पालक का सेवन करना चाहिए कम से कम हफ्ते में दो बार पालक से बने खाद्य पदार्थ का सेवन करना चाहिए। 

चुकंदर

चुकंदर में पोषक तत्व भरपूर मात्रा में होते हैं जैसे विटामिन ए विटामिन सी आदि जो आंखों की रोशनी को बढ़ाने में मदद करते हैं और शरीर में खून की मात्रा को भी बढ़ाते हैं। 

अंडे

अंडे में भरपूर मात्रा में विटामिन होता है और विटामिन की कमी से शरीर में कई अन्य लग पनपते हैं और अन्य रोगों के कारण भी आंखें कमजोर हो जाती है इससे बचने के लिए खाद्य सामग्री अंडों को जरूर शामिल करें। 

आमला

आमले में भरपूर मात्रा में विटामिन ए होता है जो आंखों के लिए बहुत आवश्यक होता है विटामिन ए की कमी से आंखें कमजोर हो जाती है और नियमित रूप से आंवले का सेवन करने से आंखों की कमी दूर हो जाती है आंवले का सेवन आंवले की कैंडी के रूप में भी किया जा सकता है जोकि बहुत स्वादिष्ट होती है। 

संतुलित भोजन

संतुलित भोजन एक ऐसा भोजन है जिसमें सभी पोषक तत्व भरपूर मात्रा में और संतुलित मात्रा में उपलब्ध होते हैं जिससे शरीर में किसी भी पोषक तत्व की कमी नहीं होती और बीमारियां होने का खतरा भी बहुत कम रहता है। 

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आंखें क्यों कमजोर होती है - Causes of weak eyesight in Hindi

आंखों के कमजोर होने के कई कारण हो सकते हैं जिनमें से पहला कारण है
  • पोषक तत्वों की कमी जैसे विटामिन ए विटामिन सी आदि।
  • शरीर में पानी की कमी। 
  • अन्य बीमारियां जैसे डायबिटीज। 
  • ज्यादा देर तक फोन और कंप्यूटर आदि पर समय बिताना।
  • लंबे समय तक लगातार एक ही वस्तु को देखते रहना। 
  • किसी दवाई का साइड इफेक्ट। 
  • अनुवांशिक
  • आंखों का ध्यान ना रखना
  • केमिकल वाले उपकरणों का इस्तेमाल करना। 

आंखों की रोशनी को बढ़ाने के लिए योगा - Yoga for increase eyesight in Hindi

योगा करने से आंखों की रोशनी बढ़ने की संभावना बढ़ जाती है योगा हमारे शरीर के लिए बहुत अच्छा होता है योगा करने से शरीर का ब्लड प्रेशर कंट्रोल में रहता है और आंखों की रोशनी के साथ-साथ आंखों में निखार आता है और आंखें चमकने लगती हैं। 
  • भुजंगासन
  • पद्मासन
  • शीर्षासन
  • अनुलोम विलोम
  • सिंहासन
  • गोमुखासन
आदि योगा आंखों की रोशनी को बढ़ाने के लिए काफी लाभदायक है इन सभी योगा को नियमित रूप से 5 से 10 मिनट तक करना चाहिए अगर नियमित रूप से किया जाए तो व्यक्ति को 1 महीने में ही फर्क दिखने लगेगा। 

आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए घरेलू उपाय - Home remedies for increase eyesight in Hindi

अच्छा और स्वस्थ भोजन खाएं

अच्छी और स्वस्थ आंखों के लिए हमें अच्छा और स्वस्थ भोजन खाना चाहिए जिसमें सभी पर तरह के पोषक तत्व और विटामिन ए जरूर हो। 

अच्छी नींद लें

आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए संपूर्ण अच्छी नींद और 8 घंटे की नींद लेना आवश्यक होता है जो लोग कम सोते हैं उनमें मायोपिया या हायपर मायोपिया होने की संभावना अधिक होती है। 

नियमित रूप से एक्सरसाइज करना

नियमित रूप से एक्सरसाइज करने से शरीर का ब्लड सरकुलेशन और ऑक्सीजन का लेवल अच्छा रहता है और आंखों में भी ब्लड सरकुलेशन और ऑक्सीजन लेवल उचित रहता है। 

आंखों को तेज किरणों से बचाना चाहिए

जब भी आप धूप में बाहर निकले हैं तो अपनी आंखों को UV किरणों से बचाने के लिए सनग्लासेस का प्रयोग करना चाहिए इससे आंखें स्वस्थ रहती हैं और आंखों की कोशिकाएं डैमेज नहीं होती हैं। 

सुरक्षा चश्मे पहनना

जब भी आपको यह सा काम कर रहे हो जिससे आपकी आंखों पर फर्क पड़ेगा आपकी आंखों में धूल जाए ऐसे काम को करते समय सुरक्षा चश्मा जरूर पहने चाहिए जैसे वेल्डिंग ड्रिलिंग आदि। 

निरंतर स्क्रीन को ना देखें

आमतौर पर जब भी हम कुछ काम कर रहे होते हैं तो हम लगातार अपने फोन की स्क्रीन या टीवी की स्क्रीन को देखते रहते हैं लेकिन हमें ऐसा नहीं करना चाहिए जब भी हमेशा कुछ काम कर रही हूं तो मैं पांच 5 मिनट में यादव 10 मिनट में रुक के फोन की स्क्रीन को बंद करके 1 सेकंड 30 सेकंड के लिए अपनी आंखों को रिलैक्स जरूर देना चाहिए। 

समय-समय पर आंखों का नियमित रूप से चेकअप कराना

अपनी आंखों को सबसे सही तरीके से सुरक्षित रखने का तरीका यही है कि आप हमें नियमित रूप से आंखों का चेकअप करें इससे यह होगा कि अगर जब भी आपकी आंखें में कोई दिक्कत आ रही होगी तब आपको शुरुआत में ही पता चल जाएगा और शुरुआत में किसी भी बीमारी का इलाज करना बहुत आसान होता है किसी ड्रॉप द्वारा ही आपकी आंखें ठीक हो की जा सकती हैं। 

धूम्रपान नहीं करना चाहिए

ज्यादा धूम्रपान करने से हमारे शरीर में कई शारीरिक बीमारियां हो सकती हैं हमारी आंखों की पतली नशे क्षतिग्रस्त हो सकते हैं आंखों की मसाज क्षतिग्रस्त हो सकती है इसलिए हमें धूम्रपान नहीं करना चाहिए। 

आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए इलाज - Medical treatment for increase eyesight in Hindi

आज के समय में मेडिकल ट्रीटमेंट की मदद से हम लगभग लगभग हर प्रकार की आंखों की समस्याओं का इलाज कर सकते हैं आंखों की समस्या होने का मुख्य कारण होता है बीमारियां जैसे मोतियाबिंद ग्लूकोमा और डायबिटीज आदि। 

Lasik

Lasik एक प्रकार की लेजर सर्जरी है जो उन लोगों के लिए अच्छा विकल्प है जो कांटेक्ट लेंस या चश्मा नहीं पहनना चाहते इस सर्जरी में आपकी आंखों के फोकस मैं अवरोध पैदा करने वाली सभी समस्याओं को ठीक करती है इस प्रक्रिया में आपके कॉर्निया के सतह के नीचे के ऊतकों को हटाने के लिए लेजर का उपयोग किया जाता है यह कॉर्निया को एक नई आकृति प्रदान करता है इस प्रकार की सर्जरी से निकटता दूर दर्शिता को ठीक किया जाता है। 

Prk

Prk इस प्रकार की प्रक्रिया का नाम फोटोरिफ्रैक्टिव करैक्टर में है। यह एक प्रकार की अपवर्तक सर्जरी है इसमें सभी प्रकार की निकटता और दूरदर्शिता की समस्याओं को ठीक करता है। इस सर्जरी के बाद आपको कांटेक्ट लेंस से सच में कहने की कोई आवश्यकता नहीं होती इस प्रकार की सर्जरी में डॉक्टर आपकी कॉर्नया की सतह पर कोशिकाओं को हटाने के लिए लेजर का उपयोग करता है। 

मोतियाबिंद की सर्जरी

मोतियाबिंद एक ऐसी बीमारी है जिसमें मोतियाबिंद आंख के लेंस पर विकसित होता है और यह धीरे-धीरे बढ़ता रहता है इससे आपको ढूंढा तुम ना दिखाई देने लगता है मोतियाबिंद आमतौर पर उम्र के साथ होने वाली समस्या है यह सर्जरी से ठीक हो सकती है आमतौर पर 1 घंटे से भी कम समय में इसकी सर्जरी हो जाती है ऑपरेशन द्वारा आपकी आंख के लेंस में से मोतियाबिंद को हटा दिया जाता है। 

Glaucoma surgery

ग्लूकोमा से आपकी आंख में ऑप्टिक तंत्र को नुकसान होता है ग्लूकोमा के कारण अंधापन भी हो सकता है दो प्रकार की सर्जरी ग्लूकोमा का इलाज कर सकती है दोनों का उद्देश्य आपकी आंखों में दबाव को कम करना होता है ग्लूकोमा के लिए लेजर सर्जरी का प्रयोग किया जाता है ग्लूकोमा की सर्जरी के बाद आपको कुछ परेशानी या 2 मिनट दृष्टि महसूस हो सकती है लेकिन नियमित एक्सरसाइज और योगा करने से आप इसको बेहतर बना सकते हैं। 

डायबीटिक रेटिनोपैथी सर्जरी

Diabetes के कारण रेटिनोपैथी नाम की बीमारी विकसित हो सकती है यदि आपको मधुमेह है तो आप को नियमित रूप से अपनी आंखों की जांच करानी चाहिए मधुमेह के कारण आप दृष्टिहीन हो सकते हैं और आंखों में सूजन भी आ सकती है इस प्रकार की सर्जरी में डॉक्टर द्वाराआंखों से सूजन को कम करने और नए रक्त वाहिकाओं की वृद्धि करने में मदद की मिलती है। 

निष्कर्ष - Conclusion

इस आर्टिकल में हमने बताया है कि आंखें कमजोर क्यों होती हैं, आंखें कमजोर होने के कारण क्या है, आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए एक्सरसाइज और योगा, चश्मा कैसे हटाए, चश्मा क्यों लगता है और चश्मे के प्रकार और आंखों से जुड़ी हर महत्वपूर्ण बातें और साथ ही एक महत्वपूर्ण प्रश्न जो हर व्यक्ति के मन में आता है कि क्या हम अपना चश्मा हटा सकते हैं इन सभी के बारे में मैंने अच्छे से संपूर्ण जानकारी उपलब्ध कराई है। 
मैं आशा करता हूं कि आपको हमारी दी गई जानकारी पसंद आई होगी अगर आपके कोई सवाल है जवाब है तो आप हमें कमेंट बॉक्स में कमेंट करके बता सकते हैं धन्यवाद। 

प्रश्न और उत्तर

क्या मैं 40 वर्ष की आयु के बाद अपनी आंखों की रोशनी बढ़ा सकता हूं?

40 वर्ष की आयु के बाद आंखों की रोशनी बढ़ाना तब संभव है जब हम आंखों की रोशनी के कम होने के कारण को समझ पाए अगर यह किसी बीमारी से हो रहा है जैसे कि मोतियाबिंद तो तो इसका इलाज सर्जरी द्वारा संभव है और कहीं और तरीके हैं जिनसे हम आंखों की रोशनी बढ़ाने के हैं जैसे नियमित योगा एक्सरसाइज और काफी कुछ। 

क्या आंखों की रोशनी बढ़ाना संभव है?

हां आंखों की रोशनी बढ़ाना संभव है परंतु अगर आंखें ज्यादा कमजोर हैं तो आंखों की रोशनी बढ़ने में समय लग सकता है और शायद आंखों की रोशनी ना भी बढ़े लेकिन नियमित रूप से योगा करने से और एक्साइज करने से आंखों की रोशनी बढ़ती है। 

मोतियाबिंद का इलाज कैसे होता है? 

मोतियाबिंद का इलाज सर्जरी द्वारा संभव है सर्जरी में लेंस के ऊपर जमी मोतियाबिंद को हटा दिया जाता है और आंखों को साफ कया जाता है। 

आंखें क्यों कमजोर होती हैं

आंखें कमजोर होने के कई वजह हो सकती हैं कई कारण हो सकते हैं जिनमें से मुख्य हैं ज्यादा लंबे समय तक फोन की स्क्रीन को लगातार देखते रहना टीवी देख कर रहना आदि। 

क्या फोन को देखने से आंखों की रोशनी कम होती है

हां ज्यादा लंबे समय तक फोन को देखने से आंखों की रोशनी कम होती है इसलिए ज्यादा लंबे समय तक फोन को नहीं चलाना चाहिए। 

क्या फोन और कंप्यूटर को चलाते समय आंखों को बचाने के लिए क्या क्या सावधानियां कर सकते हैं?

हां फोन में कंप्यूटर को चलाते समय में कुछ सावधानियां रखनी चाहिए जैसे कि हमें ज्यादा सम लंबे समय तक फोन और कंप्यूटर को इस्तेमाल नहीं करना चाहिए जितना हो सके बीच-बीच में ब्रेक लेता रहना चाहिए आखिरी आंखों को बार-बार झपकाते रहना चाहिए। और ब्लू रे वाले चश्मा का प्रयोग करना चाहिए।
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