हस्तमैथुन (Masturbation): साइड इफ़ेक्ट, फायदे, कैसे छोड़ें

हस्तमैथुन (Masturbation): साइड इफ़ेक्ट, फायदे, कैसे छोड़ें

हस्तमैथुन

हस्तमैथुन (Masturbation) करना आज के युवाओं के बीच में एक बहुत ही असमंजस का विषय बन गया है। हस्तमैथुन असमंजस का विषय इसलिए है क्योंकि युवा masturbation करना भी चाहते हैं और जानकारी के अभाव के कारण हस्तमैथुन करने से डरते भी हैं।

तो इसलिए इस आर्टिकल में हम बात करेंगे masturbation के बारे में कि हस्तमैथुन क्या है हस्तमैथुन के लाभ क्या हैं हस्तमैथुन से क्या क्या नुकसान हो सकता है और क्या हस्तमैथुन करना सही है या गलत।

                   Table Of Content

हस्तमैथुन (Masturbation) क्या है ( What is masturbation in hindi)

इस संसार में हर व्यक्ति की कुछ ना कुछ जरूरतें होती हैं जैसे हर व्यक्ति की तीन अहम जरूरतें होती हैं खाना, कपड़ा और सेक्स। व्यक्ति सेक्स दो तरीके से करता है‌।

पहला किसी पार्टनर के साथ संभोग करना और दूसरा अकेले हस्तमैथुन करना, हस्तमैथुन मतलब यह होता है कि जब व्यक्ति खुद अपने शरीर की कामोत्तेजना को पूरा करने के लिए अपने सेक्स ऑर्गन को हिलाता है, उनके साथ खेलता है या उन्हें छूता है जिससे उसे अच्छा लगता है और कामोत्तेजना की पूर्ति  होती है
ऐसा करने से लिंग और योनि उत्तेजित हो जाते हैं और एक चरम सीमा तक पहुंचने के बाद उनमें से द्रव्य जैसा कुछ निकलता है और जब यह निकलता है तब व्यक्ति को बहुत अच्छा महसूस होता है पूरा शरीर हल्का और तनाव मुक्त हो जाता है। 

पुरुषों से निकलने वाले द्रव्य को sperm कहते हैं और महिलाओं में से निकलने वाले द्रव्य को ova कहते हैं।

हस्तमैथुन (Masturbation) करने के लाभ ( benefit of masturbation in hindi )

हस्तमैथुन (masturbation) करना एक आम बात है और दुनिया भर में बहुत सारे लोग हस्तमैथुन करते हैं लगभग 91% आदमी और 81% महिलाएं हस्तमैथुन करती हैं एक स्टडी के अनुसार यह बताया गया है कि 95% आदमी और 87 %  महिलाओं ने अपने पूरे जीवन में कम से कम एक बार हस्तमैथुन जरूर किया है। हस्तमैथुन करने के कुछ प्रमुख लाभ निम्नलिखित हैं

Heart की कार्य क्षमता को बढ़ाता है

जब हम हस्तमैथुन करते हैं तब हमारे शरीर का ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है जिसके कारण हमारे शरीर का कार्डियोवैस्कुलर सिस्टम मजबूत होता है जिससे cholesterol बढ़ने का खतरा कम होता है साथ ही कई अन्य ह्रदय से जुड़ी बीमारियां होने का खतरा कम होता है।


अच्छी नींद लाने में मदद करता है 

जब हम हस्तमैथुन करते हैं तब हमारे शरीर से कुछ केमिकल से निकलते हैं जैसे कि ऑक्सीटॉसिन vasopressin, and prolactin, जो हमारे शरीर को शांत और अच्छा महसूस कराने में मदद करते हैं जिससे हमें अच्छी नींद आती है।


प्रोस्टेट कैंसर होने के खतरे से भी बचाता है

जब हम हस्तमैथुन करते हैं तब हमारे शरीर से टॉक्सिन चीजें भी sperm के साथ साथ शरीर से बाहर निकल जाती हैं जो हमारे स्वास्थ्य के लिए अच्छी नहीं होती है इससे प्रोस्टेट कैंसर होने का खतरा बहुत कम हो जाता है।

रिसर्च में पाया गया है कि वह लोग जो 1 महीने में कम से कम 21 बार हस्तमैथुन करते हैं उनमें प्रोस्टेट कैंसर होने का खतरा बहुत कम हो जाता है। 

रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है

हस्तमैथुन करने से हमारे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है क्योंकि यह शरीर में leucocytes कोशिकाओं के उत्पादन को बढ़ाता है जो हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मदद करती हैं।

तनाव दूर करता है

जब कोई व्यक्ति हस्तमैथुन करता है तो उसके शरीर में से कई केमिकल निकलते हैं जो दिमाग को एकदम शांत कर देते हैं और पूरी बॉडी को रिलैक्स कर देते हैं जिसके कारण शरीर तनाव से मुक्त हो जाता है।

नाक से जुड़ी हुई समस्याओं को दूर करता है

रिसर्च में ऐसा देखा गया है कि हस्तमैथुन करने से जुखाम और खांसी में राहत मिलती है और हमारी नाक खुल जाती है इससे हमें काफी अच्छा महसूस होता है और जुखाम भी नहीं होता। 

सर्वाइकल का खतरा कम हो जाता है 

जब हम हस्तमैथुन करते हैं तब हमारी pelvic और cervix  मांसपेशियों पर जोर पड़ता है और उनकी अच्छी कसरत हो जाती है। जिसके कारण महिलाओं में cervical की बीमारी होने का खतरा कम हो जाता है।

हस्तमैथुन करने से आत्मविश्वास बढ़ता है

जब कोई व्यक्ति हस्तमैथुन करता है तब उसे अपने आप के बारे में और अपनी शरीर के बारे में पता चलता है साथ ही अपने गुप्तांगों के बारे में अच्छे से जान पाता है जब व्यक्तियों अपने गुप्तांगों को छूता है महसूस करता है तब उसके अंदर कॉन्फिडेंस बढ़ता है।

सेक्स से होने वाली बीमारियों के खतरे को कम करता है

हस्तमैथुन करने का यह फायदा है कि हस्तमैथुन करना सबसे ज्यादा आसान और सुरक्षित होता है हस्तमैथुन करने से कभी प्रेगनेंसी का खतरा या फिर किसी भी प्रकार के इंफेक्शन फैलने का खतरा नहीं रहता है हस्तमैथुन करने से कोई भी सेक्शुअली ट्रांसमिटेड डिसीसिस (STD) नहीं होती हैं।

योनि में होने वाले इन्फेक्शन से बचाता है

हस्तमैथुन करने से महिलाएं अपनी योनि के बारे में अच्छे से जान सकती हैं और योनि में बीमारियां होने का खतरा कम हो जाता है जैसे कि इंफेक्शन।

इरेक्टाइल डिस्फंक्शन होने का खतरा कम  होता है

कई लोगों को ऐसा लगता है कि हस्तमैथुन करने से इरेक्टाइल डिस्फंक्शन जैसी बीमारी हो सकती है लेकिन ऐसा नहीं होता बल्कि हस्तमैथुन करने से इरेक्टाइल डिस्फंक्शन जैसी बीमारियां होने का खतरा कम हो जाता है।

नाईट फॉल की समस्या से बचाव

अगर व्यक्ति लंबे समय तक हस्तमैथुन नहीं करता है तो स्पर्म अंडकोष में इकट्ठा हो जाता है जिससे शरीर में कामोत्तेजना बढ़ती है और शरीर पर दबाव भी पड़ता है 
जिसके कारण कई बार सोते-सोते स्पर्म निकल जाता है इसे नाईट फॉल कहते हैं अगर कोई व्यक्ति हस्तमैथुन करेगा तो उसको,ल नाईट फॉल यानी स्वप्नदोष की समस्या नहीं होगी। 


अत्याधिक हस्तमैथुन  करने के दुष्प्रभाव (side effects of excess masturbation in hindi)

हस्तमैथुन करना एक आम बात है 
लेकिन कुछ लोगों को ज्यादा हस्तमैथुन करने से हस्तमैथुन करने की आदत पड़ जाती है और कुछ लोग तो एक हद से ज्यादा हस्तमैथुन करने लगते हैं जिसका उनके शरीर पर दुष्प्रभाव पड़ता है। जिससे कि व्यक्ति को कई परेशानियां हो सकती हैं
अत्याधिक हस्तमैथुन करने के दुष्प्रभाव निम्नलिखित हैं।

आंखों के नीचे काले धब्बे पड़ जाना

अत्याधिक हस्तमैथुन करने से आंखों के नीचे काले धब्बे पड़ सकते हैं और आंखों पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है लेकिन जरूरी नहीं है कि जिस व्यक्ति की आंखों के नीचे काले धब्बे हो वह हस्तमैथुन करता हो क्योंकि आंखों के नीचे काले धब्बे के कई कारण हो सकते हैं जैसे तनाव, उचित नींद ना लेना, शारीरिक कमजोरी और ऐलर्जी आदि।

याददाश्त कमजोर हो जाना

हस्तमैथुन करने से व्यक्ति के दिमाग पर असर पड़ सकता है जिसके कारण व्यक्ति की किसी भी चीज को याद रखने की क्षमता पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है।

थका थका महसूस करना

अत्याधिक हस्तमैथुन करने से व्यक्ति हमेशा थका थका महसूस करता है और व्यक्ति का किसी भी काम को करने में मन नहीं लगता। इससे व्यक्ति के काम पर और जीवन पर प्रभाव पड़ता है और व्यक्ति आलसी हो जाता है।

तनाव और डिप्रेशन हो जाना

अत्यधिक मास्टरबेशन करने से व्यक्ति को ऐसा लगता है कि वह कुछ गलत काम कर रहा है जिससे वह परेशान रहने लगता है और जिसके कारण व्यक्ति को कई समस्याएं हो सकती हैं जैसे तनाव और डिप्रेशन लेकिन ऐसा तभी होता है जब व्यक्ति बहुत ज्यादा सोचता रहता है।

चिड़चिड़ापन और गुस्सा आना

चिड़चिड़ापन और अत्यधिक गुस्सा  यह दोनों सामान्य बातें हैं क्योंकि बहुत ज्यादा हस्तमैथुन करने से, व्यक्ति पर शारीरिक और मानसिक रूप से बुरा प्रभाव पड़ता है जिसके कारण व्यक्ति को चिड़चिड़ापन और गुस्सा आने की समस्या हो सकती है

शरीर में पानी की कमी हो जाना 

अत्यधिक हस्तमैथुन करने से शरीर में पानी की कमी हो जाती है।

अत्यधिक मास्टरबेशन करने वाले व्यक्ति को शरीर में कमजोरी महसूस हो सकती है। ज्यादा हस्तमैथुन करने का एक दुष्प्रभाव यह भी है कि व्यक्ति हमेशा थका थका महसूस करेगा अगर व्यक्ति को हस्तमैथुन करने की लत है तो यहां तक कि यह थकान उस व्यक्ति के निजी जिंदगी और सामाजिक जिंदगी दोनों पर बुरा प्रभाव डाल सकती है

रोग प्रतिरोधक शक्ति कम हो जाती है 

ज्यादा हस्तमैथुन करने का एक दुष्प्रभाव यह भी होता है कि व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक शक्ति कम हो जाती है जिसके कारण अन्य बीमारियां व्यक्ति को आसानी से हो सकती हैं साथ ही व्यक्ति जल्दी बूढ़ा दिखने लगता है।

आंखों की रोशनी कम हो जाना

जो व्यक्ति एक हद से ज्यादा हस्तमैथुन करता है उसकी आंखें धीरे धीरे कमजोर हो जाती हैं।

कई तथ्यों और शोधों में पता चला है कि अत्यधिक हस्तमैथुन करने से व्यक्ति की आंखों में दर्द हो सकता है आंखों पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है। साथ ही अचानक से व्यक्ति को धुंधला दिखाई‌ देने की समस्या हो सकती है

व्यक्ति के जननांगों पर दुष्प्रभाव पड़ सकता है और नपुंसकता

अत्याधिक हस्तमैथुन करने से व्यक्ति के जननांगों में क्षति हो सकती है और व्यक्ति को सेक्स से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं।

सामाजिक रिश्तो में अन बन हो सकती है

अत्यधिक मास्टरबेशन करने वाले लोग ज्यादातर अकेलेपन में रहना पसंद करते हैं और उन्हें लोगों के साथ रहना और ग्रुप में एक्टिविटी करना बिल्कुल पसंद नहीं होता इसी कारण से  व्यक्ति के सामाजिक रिश्ते खराब होने लगते हैं साथ ही वह व्यक्ति समाज के साथ कदम से कदम मिलाकर नहीं चल पाता है।

अपराध की भावना महसूस करना

जब कोई बच्चा या लड़का हस्तमैथुन करता है तो उसे अपराध की भावना महसूस होती है क्योंकि इस समाज में उसे हमेशा यही बताया गया है कि हस्तमैथुन करना बुरा है। इस कारण उस व्यक्ति को ऐसा लगता है कि वह अपने शरीर के साथ कुछ गलत कर रहा है जिसके कारण धीरे-धीरे उसे तनाव भी होने लगता है।

मास्टरबेशन की लत लग जाना

हर वह काम जिसने हमें खुशी मिलती है या अच्छा लगता है उस काम की लत लगने की संभावना ज्यादा होती है 

इसी प्रकार जब कोई व्यक्ति हस्तमैथुन करता है तब उसे बहुत अच्छा लगता है जिसके कारण उसका मन इस प्रक्रिया को बार-बार करने के लिए करता है जिससे उस व्यक्ति को इसकी आदत लग सकती है।

सेक्सुअल सेंसटिविटी कम हो जाना

शोध में पता चला है कि ज्यादा मास्टरबेशन करने से लोगों की सेक्सुअल सेंसटिविटी भी कम हो जाती है महिलाओं की सेक्सुअल सेंसटिविटी थोड़ी कम खराब होती है जबकि पुरुषों की सेक्सुअल सेंसटिविटी ज्यादा खराब होती है सेक्सुअल सेंसटिविटी खराब होने से व्यक्ति सेक्स इंजॉय नहीं कर पाता है।

व्यक्ति की दिनचर्या पर असर पड़ना

ज्यादा हस्तमैथुन करने से व्यक्ति पर शारीरिक और मानसिक रूप से प्रभाव पड़ता है जिसके कारण व्यक्ति की दिनचर्या और उसके काम एन सब चीजों पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ता है।

साथ ही व्यक्ति किसी भी काम को करने के लिए ध्यान केंद्रित नहीं कर पाता है चाहे वह काम उसका निजी हो या सामाजिक हो।

हस्तमैथुन करने के बाद हमें अपराध की भावना क्यों महसूस होती है ( why we feel guilty when do masturbation)

हस्तमैथुन करने के बाद हमें अपराध की भावना यानी guilty क्यों महसूस होती है इसके कई कारण हो सकते हैं 

जानकारी के आभाव के कारण

जैसे पहला कारण तो यह है कि जब हम हस्तमैथुन करते हैं तो हमारी पूरी बॉडी एकदम उत्तेजित हो जाती है और जैसे ही शरीर से स्पर्म निकल जाता है वैसे ही हमें ऐसा लगता है कि हमारे शरीर से ऊर्जा निकल गई, हमने अपनी ऊर्जा को व्यर्थ कर दिया और हम अपने शरीर का कुछ नुकसान कर रहेे हैं 
इसलिए कभी भी अगर आप ध्यान से नोटिस करेंगे तब आपको पता चलेगा जब भी आप हस्तमैथुन करते हो तो स्पर्म निकलने से पहले आपको कोई भी ऐसा ख्याल नहीं आता कि मुझे हस्तमैथुन नहीं करना चाहिए। या हस्तमैथुन सेहत के लिए खराब होता है, आदि ऐसा कोई भी ख्याल आपके मान दिमाग में नहीं आएगा लेकिन जैसे ही आप हस्तमैथुन कर लेते हो यानी जैसे ही स्पर्म निकल जाता है वैसे ही आपकी पूरी बॉडी शांत हो जाती है आपको ऐसा लगता है कि आपकी सारी ऊर्जा निकल गई, आपने कुछ गलत किया है अब मेरा क्या होगा मेरा शरीर खराब हो रहा है इस वजह से।

धर्म

अब जो दूसरा कारण है कि हमें हस्तमैथुन करने के बाद अपराध की भावना इसलिए महसूस होती है वह है धर्म, हर व्यक्ति किसी न किसी धर्म से जुड़ा हुआ होता है चाहे वह धर्म में माने या ना माने और व्यक्ति जिस धर्म से जुड़ा हुआ होता है। उसमें उस धर्म के कुछ ना कुछ गुण आते ही हैं और लगभग दुनिया के हर धर्म में हस्तमैथुन करना बुरा ही माना गया है या फिर बच्चों को हमेशा से ही यह सिखाया जाता है की धर्म में ऐसा माना जाता है कि अगर आप हस्तमैथुन करोगे तो भगवान आपसे नाराज हो जाएंगे या भगवान आपको श्राप दे देंगे या फिर जल्दी मर जाओगे  लेकिन ऐसा कुछ नहीं है यह सब मनगढ़ंत बातें हैं।

हस्तमैथुन सिर्फ मैं करता हूं और कोई नहीं

जो तीसरा कारण है और जो सबसे कॉमन है वह कारण यह है कि हर व्यक्ति को जिसने अभी तक हस्तमैथुन करने के बारे में किसी से बात नहीं की या अपने दोस्तों को भी नहीं बताया उस व्यक्ति को हमेशा ऐसा लगता है कि मैं दुनिया में अकेला हूं जो हस्तमैथुन करता है और मैं बहुत बड़ा अपराध कर रहा हूं।

लोग क्या सोचेंगे

चौथा जो सबसे बड़ा कारण है वह यह है कि हमारे समाज में हमें बचपन से ही समझाया गया है कि हस्तमैथुन करना एक बहुत बुरी आदत है, ना ही कोई हस्तमैथुन के बारे में बात करता है और ना ही कोई संभोग के बारे में बात करता है सब को यह लगता है कि  कुछ निजी बातें होती हैं जो दूसरों को नहीं बतानी चाहिए और इसी कारण से लोग घूमते रहते हैं लोगों को समझ में नहीं आता लोगों को जानकारी नहीं होती है। 

वीडियो या फोटो देखकर हस्तमैथुन करना

आमतौर पर देखा गया है कि ज्यादातर लोग या बच्चे जो हस्तमैथुन करते हैं वह किसी के बारे में सोच कर, कोई मैगजीन पढ़कर, किसी फोटो देखकर या फिर किसी वीडियो को देखकर उत्तेजित होकर हस्तमैथुन करते हैं।

और एक स्टडी में यह बताया गया है कि अगर कोई व्यक्ति साधारण रूप से हस्तमैथुन करता है तो उसको उतना ज्यादा गिल्ट महसूस नहीं होता है जितना वह व्यक्ति अगर फोटो देखकर इमेजिन कर के दिमाग में सोच सोच कर करता है तो उसे अपराध की भावना ज्यादा महसूस होती है। 

हमें भगवान या हमारे पूर्वज देख रहे हैं

अक्सर लोग अकेले में या बाथरूम में हस्तमैथुन करते हैं और लोगों को ऐसा लगता है कि शायद उनके माता-पिता या उनके पूर्वज उन्हें देख रहे हैं कि वह गलत काम कर रहे हैं 

या फिर उनके मन में यह भ्रम रहता है कि शायद भगवान उन्हें यह करते हुए देख रहे हैं और भगवान इस बात का बुरा मानेंगे और मुझे श्राप दे देंगे या मेरा मर्डर कर देंगे लेकिन ऐसा कुछ नहीं है यह सिर्फ भ्रम है लेकिन इस भ्रम के कारण कई लोगों को अपराध की भावना होती है।

1 दिन में कितनी बार हस्तमैथुन करना उचित है ( How many times should we masturbate in a day)

बहुत सारे लोगों के मन में यह सवाल होता है कि 1 दिन में कोई व्यक्ति कितनी बार हस्तमैथुन कर सकता है या फिर 1 दिन में किसी व्यक्ति को कितनी बार हस्तमैथुन करना चाहिए जो उचित हो ।

साथ ही जिससे स्वास्थ्य पर कोई प्रभाव ना पड़े अभी तक कोई ऐसी शोध या संशोधन नहीं हुआ है जो यह साबित करें कि हस्तमैथुन 1 दिन में कितनी बार करना उचित है 

हस्तमैथुन आप जितनी बार भी करना चाहे कर सकते हैं हस्तमैथुन करना स्वास्थ्य के लिए अच्छा होता है ना कि खराब लेकिन हस्तमैथुन सिर्फ तभी करना चाहिए जब आपका मन हो कहने का मतलब यह है कि मान लीजिए आप का मन हो रहा है
हस्तमैथुन करने का आपने किसी को देखा या अपने कोई ऐसी चीज देख लिए आपको ऐसा फील हो रहा है क्या मुझे हस्तमैथुन करना चाहिए वह सही है उचित है हस्तमैथुन करने में कोई दिक्कत नहीं।

लेकिन अगर आप खाली बैठे हैं सोच रहे हैं मैं क्या करूं टाइम पास करना है  टाइमपास की वजह से हस्तमैथुन करना या  फिर बार-बार हस्तमैथुन करना क्योंकि खाली बैठे हैं बिल्कुल गलत है

अगर आप बार बार हस्तमैथुन करते हैं  आप 1 दिन में 5 बार हस्तमैथुन करते हैं और रोज करते हैं तो आपका उसमे इंटरेस्ट खत्म हो जाता है 

जैसे अगर आप किसी चॉकलेट को एक दिन में 5 बार खा रहे हैं और महीने भर तक रोज दिन में 5 बार चॉकलेट खा रहे हैं तो क्या होगा कि आपका उसमें इंटरेस्ट खत्म हो जाएगा आपको मजा कम आएगा उसी तरीके से आप हस्तमैथुन करने से बोर जाओगे ।

उसी प्रकार से अगर आप 1 दिन में बार-बार हस्तमैथुन करोगे तो आपका हस्तमैथुन करने से मन भर जाएगा और एक टाइम ऐसा आएगा जब आपको हस्तमैथुन करने में कोई मजा नहीं आएगा और आपको कुछ फील नहीं होगा 

अब दूसरी बात वह बच्चे या वह नौजवान लोग जिन्होंने अभी हाल ही में हस्तमैथुन करना शुरू किया है उनकी शुरुआत है उन लोगों को 1 दिन में काफी बार करने में भी मजा आता है तो वह लोग कैसे पता करें कि 1 दिन में कितनी बार करना ठीक है

उसका एक सिंपल सा तरीका है आप हस्तमैथुन कीजिए, अगर आपको हस्तमैथुन करने के बाद कोई दिक्कत नहीं हो रही है। और आप अपनी पढ़ाई पर भी कंसंट्रेट कर पा रहे साथ ही अपने काम पर भी कंसंट्रेट कर पा रहे हो आपको लाइफ में कोई चेंज महसूस नहीं हो रहा सब कुछ नॉर्मल है तो आपकी मर्जी आप जितनी बार भी कर सकते हैं।

यह पता करने की कितनी बार करना उचित है उसका सिंपल सा तरीका यही है कि आप करके देखें अगर आपको थकान महसूस हो रही है अगर आपकी लाइफ में कोई भी चेंज हो रहा है 

आपके स्वास्थ्य से जुड़ा तो आप उसको कम करें और अगर आपको कोई चेंज नहीं हो रहा आप एकदम फिट हो आप काम भी कर पा रहे सारी चीजें कर पा रहे हो तो कोई बात नहीं।

हस्तमैथुन (masturbation) करना कैसे छोड़े ( how to stop doing masturbation in Hindi)

हस्तमैथुन (masturbation) करना कैसे छोड़े

वैसे तो हस्तमैथुन करना कोई बुरी आदत नहीं है बल्कि हमारे स्वास्थ्य के लिए अच्छा ही होता है लेकिन कुछ लोगों को हस्तमैथुन करते करते हस्तमैथुन करने की आदत लग जाती है जिसके कारण वे लोग अपने काम और अपनी पढ़ाई पर ध्यान नहीं दे पाते हैं 

जिससे उनकी लाइफ में उथल-पुथल मच जाती है तो इस उथल-पुथल से बचने के लिए आप नीचे  दिए गए सुझावों को उपयोग में ला सकते हैं 

सेक्स एजुकेशन

सेक्स एजुकेशन मतलब सेक्स के बारे में जानना कई  मामलों में ऐसा देखा गया है कि बच्चों को इतनी ज्यादा प्रॉपर नॉलेज नहीं होती है कि हस्तमैथुन कैसे करते हैं या फिर इसकी क्या जरूरत है। 

सेक्स एजुकेशन होने से बच्चे को यह पता चलता है कि सेक्स कैसे किया जाता है क्या हस्तमैथुन करना गलत है या सही है ।

एक्सरसाइज करना

एक्सरसाइज करने से हमारा शरीर स्वस्थ रहता है और हमें आसानी से बीमारियां नहीं होती साथ ही जब कोई व्यक्ति एक्सरसाइज करता है तो वह बहुत ज्यादा उत्तेजित महसूस करता है यानी उसके शरीर में ऊर्जा का स्तर बढ़ जाता है 

अगर हमारा मन हस्तमैथुन करने को करता है  तब हमारा शरीर उत्तेजना से भर जाता है जब हम एक्सरसाइज करते हैं तो हमारा ध्यान हस्तमैथुन करने से हट जाता है और हमारा पूरा ध्यान एक्सरसाइज करने पर लग जाता है और हमारी सारी एनर्जी एक्सरसाइज करने में लग जाती है और हमारी बॉडी रिलैक्स हो जाती है

Sleep एडजेस्टमेंट

Research में ऐसा पता चला है कि ज्यादातर लोग हस्तमैथुन तब करते हैं जब वह सोने जा रहे होते हैं या बेड पर लेटे होते हैं और अकेले होते हैं तो अगर आप हस्तमैथुन करने से बचना चाहते हैं

तो आप अकेले ना सो कर किसी के साथ से जैसे अपने किसी अदर फैमिली मेंबर के साथ में सोए अगर आप अकेले सोते हैं  तो आपके मन में हस्तमैथुन करने के विचार आते रहेंगे लेकिन अगर आप किसी के साथ सोएंगे तो आप चाहकर भी हस्तमैथुन नहीं कर पाएंगे।

अच्छी नींद लेना

लोगों को अच्छी नींद लेनी चाहिए और ज्यादातर कोशिश करनी चाहिए कि लोग अपनी पीठ के बल सोए साथ ही इस बात का विशेष ध्यान रखें कि जब आप सोए तो आप बहुत ही ज्यादा सॉफ्ट या गद्देदार गद्दों का इस्तेमाल ना करें सॉफ्ट तकिया का इस्तेमाल ना करें गर्म कपड़ों का इस्तेमाल भी ना करें क्योंकि इन सब का इस्तेमाल करने से हमारा शरीर और ज्यादा एक्साइटेड होता है शरीर में गर्मी आती है जिसके कारण हस्तमैथुन करने का मन ज्यादा करता है

अच्छा और स्वस्थ खाना खाना

व्यक्ति को अच्छा और स्वस्थ खाना खाना चाहिए साथ ही ऐसा खाना खाना चाहिए जो स्वस्थ हो और शरीर में ज्यादा गर्मी ना करें जैसे अंडे बादाम लहसुन और प्याज आदि यह सब चीजें शरीर में गर्मी पैदा करती हैं और काम उत्तेजना को बढ़ाती हैं 

इसलिए पहले के जमाने में लोग लहसुन प्याज नहीं खाया करते थे वह इसलिए नहीं खाया करते थे क्योंकि लहसुन प्याज खाने से कामोत्तेजना बढ़ती है।

समय का सदुपयोग करना

कई मामलों में ऐसा देखा गया है कि हस्तमैथुन ज्यादातर लोग तब करते हैं जब वह खाली बैठे होते उनके पास कोई काम नहीं होता या फिर टाइम पास करने के लिए हस्तमैथुन करते हैं 

तो इन सब चीजों से बचना चाहिए और अगर आप टाइम पास करने के लिए हस्तमैथुन कर रहे हैं तो यह आपके लिए खतरनाक साबित हो सकता है आपके स्वास्थ्य के साथ-साथ आपके काम और लाइफ पर असर डाल सकता है

ठंडे पानी से नहाना

ठंडे पानी से नहाना हस्तमैथुन से बचाव के लिए बहुत उपयोगी होता है जब कोई व्यक्ति ठंडे पानी से नहाता है और उससे पूरा शरीर और जननांग रिलैक्स हो जाते हैं और उत्तेजित नहीं होते इसका मतलब कि अगर आपको कभी हस्तमैथुन करने का मन कर रहा है 

तो आप ठंडे पानी से नहा कर देखें कि क्या उसके बाद भी आपको हस्तमैथुन करने का मन कर रहा है आप देखेंगे कि ऐसा नहीं है पहले आपको हस्तमैथुन करने का मन कर रहा था लेकिन अब आपकी बॉडी पूरी रिलैक्स हो गई है शांत हो गई है तो अब आपको हस्तमैथुन करने की कोई जरूरत नहीं

मोबाइल फोन का ज्यादा इस्तेमाल ना करना

ज्यादातर मामलों में यह देखा गया है कि लोग या बच्चे हस्तमैथुन मोबाइल में अश्लील चीजें देखकर करते हैं जैसे फोटोस और वीडियोस जिससे शरीर में उत्तेजना आ जाती है हमारा शरीर उत्तेजित हो जाता है और हमारा मन हस्तमैथुन करने के लिए उत्तेजित हो जाता है।

हस्तमैथुन का इतिहास (history of masturbation in hindi)

हस्तमैथुन करना कोई नई बात नहीं है आजकल हर बच्चा एक उम्र के बाद हस्तमैथुन जरूर करता है लेकिन हमारे समाज में हस्तमैथुन को हमेशा ही बुरा बताया गया है और ऐसा आज से नहीं काफी लंबे समय से हो रहा है।

ऐसा हिंदुस्तान में ही नहीं बाहर के देशों में भी काफी समय से होता आया है हिंदुस्तानी सभ्यता और वेस्टर्न कल्चर दोनों में ही समाज के द्वारा हस्तमैथुन को नकारा गया है जबकि हिंदुस्तानी ग्रंथों में भी सेक्स को बहुत पवित्र माना गया है यहां तक की सेक्स के ऊपर कई किताबें लिखी जा चुकी हैं जिनमें से एक बहुत प्रचलित किताब है जिसका नाम है कामसूत्र

Ejeption civilization और mesopotamia में तो हस्तमैथुन को काफी अच्छा माना गया है यहां तक कि कई तथ्य यह बताते हैं कि उनके जो भगवान थे उन्होंने हस्तमैथुन के द्वारा ही इस संसार की रचना की थी वैसे तो यह सारी बातो पर कोई विश्वास नहीं करेगा और इस बात में कोई लॉजिक भी नहीं है।

इससे यह बात साफ-साफ क्लियर हो जाती है कि वहां पर कभी भी हस्तमैथुन और सेक्स को गलत नहीं माना गया था। उस समय में हस्तमैथुन को एक साधारण गतिविधि के रूप में ही माना जाता था। 

ग्रीक में हस्तमैथुन को बहुत ही साधारण गतिविधि के रूप में माना जाता था। यहां तक कि वह हस्तमैथुन के बारे में कुछ ज्यादा सोचा भी नहीं करते थे

और वहीं दूसरी तरफ कुछ ग्रीक प्रोफेसर थे जिसे जैसे गैलरी उन्होंने अपनी किताब में यह लिखा है किशोरावस्था में जब शरीर में हार्मोन अल चेंज होते हैं 

जिससे शरीर में सेक्सुअल टेंशन होता है और अगर कोई व्यक्ति हस्तमैथुन नहीं करता है तो यह फेक्चुअल टेंशन उस व्यक्ति के लिए खतरनाक साबित हो सकती है। वे सिर्फ यह बताना चाहते थे कि हस्तमैथुन करना कोई गलत बात नहीं है

बाइबिल और हस्तमैथुन

16 वी सदी के आते-आते हस्तमैथुन के बारे में काफी गलत अफवाह फैलने लगी थी लोगों को लगने लगा था कि हस्तमैथुन करना बहुत ही गलत बात है यहां तक कि कई लोगों ने ऐसा भी बोला कि बाइबल में ऐसा लिखा हुआ है

कि हस्तमैथुन करना गलत बात है अगर आप हस्तमैथुन करते हो तो यह तो पाप करने के बराबर है जबकि कई तथ्य यह बताते हैं कि बाइबल के अंदर ऐसा कुछ नहीं लिखा हुआ कहीं पर कोई ऐसी लाइन नहीं है जो यह बताती है कि हस्तमैथुन करना गलत है

 लेकिन उसके बाद भी बहुत सारे गिरजाघरो में हस्तमैथुन करने को बहुत ही गंदी बात माना जाता था यहां तक कि कई जगहों पर तो इसको रेप से ज्यादा घिनौनी चीज बताया जाने लगा।

एक प्रोफेसर जिनका नाम था डॉक्टर कंट्रोलर उन्होंने क्रिश्चियनिटी के ऊपर काफी रिसर्च की थी उनके एक और उन्होंने बताया है कि क्रिश्चियनिटी में लोग ऐसा समझते हैं कि अगर कोई व्यक्ति हस्तमैथुन कर रहा है

 तो यह उसके अंदर का शैतान करवा रहा है इसका मतलब अगर आप मास्टरबेशन करने पर कंट्रोल कर लेते हैं तो आप अपने अंदर के शैतान पर कंट्रोल कर लेते हैं।

1720 में एक किताब आई जिसका नाम था सेल्फ पॉल्यूशन इस किताब में हस्तमैथुन करने को इतने गलत तरीके से प्रदर्शित किया गया है कि इसका डर आज भी लोगों के दिल में है और यही डर हमेशा चलता आ रहा है इस किताब में हर होने वाली बीमारी के साथ में हस्तमैथुन को जोड़ा गया है।

जैसे पागलपन उल्टी दस्त, आंखें कमजोर हो जाना, जननांग कमजोर हो जाना बाल झड़ना आंखें कमजोर हो जाना दांत गिर जाना पीठ दर्द पागलपन यहां तक की आत्महत्या।
 जैसे-जैसे समय बीतता गया उसके बाद लोगों ने बताया कि हस्तमैथुन करना बहुत ही बुरी आदत है

 वहां कुछ ऐसे लोग भी थे जो यह कहा करते थे कि अगर आप अपनी हस्तमैथुन  करने की आदत पर कंट्रोल नहीं कर पा रहे हो तो वह लोग आपको कुछ ऐसी चीजें देंगे जिनसे आपकी हस्तमैथुन करने की आदत छूट जाएगी और यही कारण था जिसके लिए हस्तमैथुन को इतना बुरा बताया गया चीजें बेचना, प्रोडक्ट सेलिंग

ऐसी अफवाहों और गलत धारणाओं के कारण कई लोग ऐसे अजीब अजीब प्रोडक्ट बेच कर करोड़पति बन गए साथ ही जब लोगों को पता चला तो बहुत सारे ऐसे नकली डॉक्टर और असली डॉक्टर भी शामिल हुए जिन्होंने लोगों को ठगना चालू किया चीजें बेच बेच कर जैसे पाउडर तेल जेल गोलियां और यह सभी चीजें यह बता कर दी जाती थी कि इससे हम हस्तमैथुन करने की आदत छोड़ सकते हैं।

18 वीं सदी में एक किताब जिसका नाम था disease caused by masturbation जो चैनल डिशऑनर ने लिखी थी इस किताब में उन्होंने हर होने वाली बीमारी को हस्तमैथुन से जोड़ा था जैसे पागलपन बाल झड़ जाना दांत गिर जाना हड्डियां टेढ़ी हो जाना पेट में दर्द पीठ में दर्द नपुंसकता जननांगों का विकार हो जाना और यह भी लिखा था कि अगर आप ज्यादा मास्टरबेशन करते हैं तो आपके दिमाग में ब्लड चला जाता है और आप पागल हो जाते हैं।

19 वी सदी के आसपास एक बुक आई, सेक्शन साइंस जिसमें कोई भी साइंस नहीं थी और उसके जो राइटर थे उनका नाम था रेड एंड वे उन्होंने यह कहा कि आप जितनी भी रॉबरी कर रहे हो जितनी भी चोरियां कर रहे हो जितना भी गलत काम कर रहे हो रेप करो या किसी का मर्डर करो लेकिन उन सब से बड़ा पाप हस्तमैथुन करना है

 यानी अगर आप किसी का मर्डर भी कर देते तो आपको एक बार माफी मिल सकती है लेकिन अगर हस्तमैथुन करते हो तो उसकी कोई माफी नहीं है 

19वीं सदी मैं वेस्टर्न कल्चर में मास्टरबेशन करने का इतना ज्यादा भ्रम फैल गया था वहां पर लोगों के अंदर इतना डर बस गया था कि वहां पर उसके बाद मास्टूबेशन से बचने के लिए उपकरण बनाए जाने लगे जिससे आप मास्टरबेशन नहीं कर सकते थे।

कुछ ऐसे कपड़े बनाए जाने लगे जिसमें लोग अपने जननांगों को छू नहीं सकते थे और कुछ ऐसे कपड़े भी बनाए जाने लगे जिनको पहनकर आप उनमें ताला लगा सकते थे जिससे व्यक्ति हस्तमैथुन ना कर पाए

यहां तक की बहुत सारी किताबों में तो यह तक लिखा था कि आप अपना दिनचर्या कैसे बनाएं कैसे खाना खाए यहां तक कि आपको यह बात सुनकर बहुत आश्चर्य होगा कि आज के समय में भी कई ऐसी वेबसाइट है जो ऐसे कपड़े बेचती हैं  जिन्हें पहनकर आप हस्तमैथुन नहीं कर सकते हस्तमैथुन करने को इतना बुरा माना जाता था की हस्तमैथुन करने के कारण सजाएं तक दी जाने लगी थीं 

जो काफी डरावनी और दर्दनाक होती थी एक बहुत क्रूर सजा थी जिनमें से एक में तो अगर कोई बच्चा अपने जननांग को टच करता है या अपने लिंग को टच करता है तो उसके लिंग सिल दिया जाता था क्योंकि उस टाइम पर हस्तमैथुन करना एक बहुत ही बुरी बात माना जाता था।

निष्कर्ष
इस आर्टिकल में हमने हस्तमैथुन (masturbation) क्या है इस विषय पर संपूर्ण जानकारी दी है और मैं आशा करता हूं कि आपको आपके हर प्रश्न का उत्तर मिल गया होगा फिर भी आपका अगर कोई प्रश्न है तो आप हमें कमेंट कर सकते हैं

संदर्भ (References):

Lessons learned from the study of masturbation and its comorbidity with psychiatric disorders in children: The first analytic study. (n.d.). PubMed Central (PMC).
https://www.ncbi.nlm.nih.gov/pmc/articles/PMC5459278/

ScienceDirect.com | Masturbation: Prevention& Treatment. https://www.sciencedirect.com/science/article/pii/S1877042811021434/pdf?md5=38e132d9f2acf31a5e8121145f5db0dc&pid=1-s2.0-S1877042811021434-main.pdf

Prevalence, frequency, and associations of masturbation with partnered sexual behaviors among US adolescents. (2011, December 1). JAMA Network | Home of JAMA and the Specialty Journals of the American Medical Association.
https://jamanetwork.com/journals/jamapediatrics/fullarticle/1107656

Female masturbation masquerading as abdominal pain. (n.d.). PubMed. https://pubmed.ncbi.nlm.nih.gov/12031007/